जम्मू संभाग में भारी तबाही: वैष्णो देवी मार्ग पर भूस्खलन, डोडा में बादल फटना; 13 की मौत, स्कूल-कॉलेज बंद
जम्मू संभाग में मंगलवार को लगातार तीसरे दिन मूसलधार बारिश ने कहर बरपाया। श्री माता वैष्णो देवी यात्रा मार्ग के अर्धकुंवारी क्षेत्र में भूस्खलन और डोडा जिले में बादल फटने से अब तक 13 लोगों की मौत हो चुकी है। कटरा में नौ श्रद्धालुओं और डोडा में चार लोगों की जान गई है, जबकि यात्रा मार्ग पर हुए भूस्खलन में 22 श्रद्धालु घायल हुए हैं।
यातायात और संपर्क व्यवस्था ठप
लगातार बारिश से जम्मू का देश से सड़क और रेल संपर्क कट गया है।
सड़क मार्ग: कठुआ और विजयपुर के पास पुल क्षतिग्रस्त होने से जम्मू-पठानकोट हाईवे बंद है।
रेल सेवा: चक्की खड्ड पुल पर खतरे और रेलवे स्टेशन को हुए नुकसान के चलते जम्मू से आने-जाने वाली सभी ट्रेनें रद्द कर दी गई हैं।
हवाई सेवा: मंगलवार को 10 में से 4 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं।
जम्मू में 1926 के बाद सबसे अधिक 248 मिमी बारिश दर्ज की गई, जिससे निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। तवी, चिनाब और उज्ज जैसी नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं।
बचाव और राहत कार्य
भूस्खलन की घटना के बाद श्राइन बोर्ड और पुलिस ने तुरंत बचाव कार्य शुरू किया। घायलों को नारायणा अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जिनमें कई की हालत गंभीर बनी हुई है। श्राइन बोर्ड ने यात्रा को बुधवार दोपहर 1:30 बजे तक स्थगित कर दिया है।
डोडा जिले के भलेसा, भद्रवाह और ठाठरी क्षेत्रों में बादल फटने से नाले उफान पर हैं, जिससे मकानों को नुकसान पहुंचा और पुल बंद करना पड़ा।
प्रशासन और केंद्र सरकार की कार्रवाई
जम्मू संभाग के सभी स्कूल-कॉलेज 27 अगस्त को बंद रखने का आदेश दिया गया है।
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से बात कर स्थिति की समीक्षा की और एनडीआरएफ की टीम को कटरा भेजा। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को बाढ़ नियंत्रण और राहत कार्यों के लिए हर संभव कदम उठाने के निर्देश दिए।
Comments are closed.