भारत की ऐतिहासिक जीत: जेमिमा रॉड्रिगेज के नाबाद शतक से ऑस्ट्रेलिया को 5 विकेट से हराकर फाइनल में पहुंची टीम इंडिया
वीमेंस वनडे विश्व कप के दूसरे सेमीफाइनल में भारत ने मौजूदा चैंपियन ऑस्ट्रेलिया को 5 विकेट से हराकर तीसरी बार टूर्नामेंट के फाइनल में जगह बना ली। भारत की इस जीत की नायिका रहीं जेमिमा रॉड्रिगेज, जिन्होंने दबाव भरे मुकाबले में नाबाद शतक जड़कर टीम को ऐतिहासिक जीत दिलाई।
जेमिमा की करिश्माई पारी
जेमिमा रॉड्रिगेज ने 134 गेंदों पर 14 चौकों की मदद से नाबाद 127 रन बनाए और प्लेयर ऑफ द मैच बनीं। 339 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए जब भारत मुश्किल में था, तब उन्होंने अपनी पारी को बेहतरीन ढंग से गढ़ा। यह पारी भारतीय महिला क्रिकेट इतिहास की सबसे यादगार पारियों में शुमार की जा रही है।
भारत की मुश्किल शुरुआत
बड़े लक्ष्य के जवाब में भारत की शुरुआत खराब रही। चोटिल प्रतिका रावल की जगह आईं शेफाली वर्मा (10) और फिर उपकप्तान स्मृति मंधाना (24) जल्दी आउट हो गईं। 50 रन से पहले दो विकेट गिरने के बाद भारत पर दबाव था, लेकिन कप्तान हरमनप्रीत कौर और जेमिमा ने मोर्चा संभाल लिया।
हरमनप्रीत-जेमिमा की ऐतिहासिक साझेदारी
दोनों ने तीसरे विकेट के लिए 167 रनों की रिकॉर्ड साझेदारी की, जिसने मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया। हरमनप्रीत ने 68 रन बनाए, जबकि जेमिमा ने एक छोर से बल्लेबाजी जारी रखी। इस जोड़ी ने ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजी को पूरी तरह बेअसर कर दिया।
रिचा घोष और अमनजोत कौर ने पूरा किया काम
आखिरी छह ओवरों में भारत को 48 रन चाहिए थे। रिचा घोष ने तेज 14 रन बनाए, जबकि अमनजोत कौर ने 8 गेंदों पर नाबाद 15 रन जोड़कर जीत सुनिश्चित की। जेमिमा ने 48वें ओवर में तीन चौके जड़ते हुए मैच का रोमांच खत्म कर दिया। भारत ने 48.3 ओवर में 5 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया।
ऑस्ट्रेलिया की पारी
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए ऑस्ट्रेलिया ने फोएबे लिचफिल्ड के शानदार शतक (93 गेंदों पर 119 रन) और एलीस पेरी (77) की पारी के दम पर 338 रन बनाए। हालांकि एक समय 220/3 पर मजबूत स्थिति में रहने के बाद भारतीय गेंदबाजों ने शानदार वापसी की।
दीप्ति शर्मा और श्री चरणी ने 2-2 विकेट लिए, जबकि क्रांति गौड़, अमनजोत कौर और राधा यादव को 1-1 सफलता मिली।
भारत तीसरी बार फाइनल में
इस जीत के साथ भारत ने तीसरी बार महिला वनडे विश्व कप के फाइनल में जगह बनाई। टीम अब इतिहास रचने से सिर्फ एक कदम दूर है।
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