Bihar Exit Poll 2025: सीमांचल और पूर्वी बिहार में एनडीए आगे, कई सीटों पर कांटे की टक्कर

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बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दूसरे चरण में मंगलवार को कोसी, सीमांचल और पूर्व बिहार के आठ जिलों में शांतिपूर्ण और जोशीले माहौल में मतदान संपन्न हुआ।

पूर्णिया, अररिया, कटिहार और किशनगंज जैसे जिलों में सुबह से ही मतदान केंद्रों पर लंबी कतारें दिखीं। महिलाओं और युवाओं की बड़ी भागीदारी ने चुनावी प्रक्रिया को जीवंत बना दिया।

सीमांचल में कांटे की टक्कर

  • सीमांचल के जिलों — पूर्णिया, कटिहार, अररिया और किशनगंज — में इस बार मुकाबला बेहद दिलचस्प दिखा।
  • पूर्णिया और कटिहार में एनडीए और महागठबंधन के बीच सीधी टक्कर रही।

किशनगंज और अररिया के मुस्लिम बहुल इलाकों में वोटिंग पैटर्न में बदलाव देखने को मिला। यहां पहले जैसा एकतरफा झुकाव नहीं दिखा, जबकि एआईएमआईएम (AIMIM) ने एक बार फिर महागठबंधन के वोटबैंक में सेंध लगाई है।

पूर्णिया जिले की सातों सीटों पर शांतिपूर्ण मतदान हुआ। पूर्णिया सदर में भाजपा और कांग्रेस के बीच कांटे की टक्कर है, जबकि अमौर, कसबा, धमदाहा, बायसी और रूपौली में एनडीए को बढ़त मिलती दिख रही है।

किशनगंज में बहुकोणीय मुकाबला

  • किशनगंज की चार सीटों में से दो — किशनगंज सदर और बहादुरगंज — पर कांग्रेस के कमरूल हुदा और मुसब्बीर आलम बढ़त बनाए हुए हैं।
  • कोचाधामन में AIMIM के सरबर आलम मजबूत स्थिति में हैं, जबकि ठाकुरगंज सीट पर जदयू की स्थिति बेहतर है।

कटिहार में एनडीए आगे

  • कटिहार जिले की सात विधानसभा सीटों पर कुल 87 उम्मीदवारों का भाग्य ईवीएम में बंद हो गया।
  • कोढ़ा, कदवा, कटिहार और मनिहारी में एनडीए आगे चल रहा है।
  • प्राणपुर, बरारी और बलरामपुर में महागठबंधन को बढ़त मिल रही है।

कटिहार सीट पर भाजपा के पूर्व उपमुख्यमंत्री तारकिशोर प्रसाद और वीआईपी के सौरभ कुमार अग्रवाल के बीच मुकाबला चर्चा में रहा।

अररिया और सुपौल में शांतिपूर्ण मतदान

अररिया जिले की सभी छह सीटों पर मतदान शांतिपूर्वक संपन्न हुआ। कुछ जगहों पर पुल और सड़क की मांग को लेकर ग्रामीणों ने विरोध जताया, जिसे प्रशासन ने मौके पर सुलझा लिया।

सुपौल जिले में सुबह से ही भारी मतदान हुआ। निर्मली, सुपौल, छातापुर और पिपरा सीटों पर एनडीए को बढ़त मिली है, जबकि त्रिवेणीगंज में जदयू और राजद के बीच कांटे की टक्कर जारी है।

पूर्व बिहार में भी भारी मतदान

भागलपुर और बांका जिलों में भी भारी उत्साह देखा गया।

भागलपुर की कहलगांव और सुल्तानगंज सीटों पर राजद और कांग्रेस के बीच दोस्ताना मुकाबला रहा, लेकिन जदयू बढ़त में है।

भागलपुर सदर, पीरपैंती और गोपालपुर में एनडीए आगे है, जबकि नाथनगर में महागठबंधन की स्थिति मजबूत दिखी।

बिहपुर में भाजपा और वीआईपी के बीच करीबी मुकाबला है।
बांका जिले में मतदान प्रतिशत 70 के पार पहुंच गया — जो अब तक का सबसे ऊंचा रिकॉर्ड है — जिससे चुनावी समीकरण बदलने के संकेत मिल रहे हैं।

दूसरे चरण की वोटिंग के बाद स्पष्ट है कि सीमांचल और कोसी इलाकों में इस बार मुकाबला एकतरफा नहीं बल्कि बेहद रोमांचक और बहुकोणीय रहा है। महिलाओं और नए मतदाताओं की सक्रियता ने कई सीटों पर परिणामों को अप्रत्याशित बना दिया है।

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